जनादेश

भोपाल में भी शाहीन बाग! कहां और कैसे होगा न्याय? जदयू में अब खुलकर सिर फुटव्वल ! अभी खत्म नहीं हुआ खिचड़ी का महीना ! महिला कलेक्टर पर टिप्पणी से मचा बवाल बाग़ बगीचा चाहिए तो उत्तराखंड आइए ! यह लखनऊ का शाहीन बाग़ है ! ज्यादा जोगी मठ उजाड़ ! जगदानंद को लेकर रघुवंश ने लालू को लिखा पत्र कड़ाके की ठंढ से बचाती 'कांगड़ी ' यही समय है दही खाने का ! निर्भया के बहाने सेंगर को भी तो याद करें ! डॉक्टर को दवा कंपनियां क्या-क्या देती हैं ? एमपी के सरकारी परिसरों में शाखा पर रोक लगेगी ? एक थे सलविंदर सिंह मुख्यमंत्री पर जदयू भाजपा के बीच तकरार जारी वाम दल सड़क पर उतरे जाड़ों में गुलगुला नहीं गुड़ खाएं ! नए दुश्मन तलाशती यह राजनीति ! कलेक्टरों के खिलाफ कार्रवाई हो-सीबीआई

हनीट्रैप का खुलासा करने वाला अखबार निशाने पर

पूजा सिंह

भोपाल. प्रदेश के कुख्यात हनीट्रैप मामले में लगातार खुलासे कर रहे समाचार पत्र संझा लोकस्वामी के मालिक जीतू सोनी के होटल तथा अन्य संस्थानों पर पुलिस तथा अन्य सरकारी विभागों की कार्रवाई का सिलसिला पिछले शनिवार से लगातार जारी है. इस दौरान पुलिस ने अखबार मालिक के होटल में अवैध डांस बार बंद कराने तथा बंधक बनाई गई लड़कियों को मुक्त कराने समेत कई बड़े कदम उठाये हैं. मुख्यमंत्री कमलनाथ ने भी इन कार्रवाइयों की सराहना की है.

गौरतलब है कि संझा लोकस्वामी ने पिछले दिनों प्रदेश के पूर्व मंत्री और व्यापमं मामले में आरोपित भाजपा नेता लक्ष्मीकांत शर्मा और शिवराज सरकार में सबसे ताकतवर नौकरशाह रहे एस के मिश्रा के कथित वीडियो और ऑडियो जारी किये थे. कथित वीडियो में शर्मा जहां शिवराज और भाजपा के खिलाफ अपनी भड़ास निकालते नजर आ रहे हैं वहीं जिस ऑडियो को अखबार ने पूर्व मुख्य सचिव एस के मिश्रा का बताया उसमें मिश्रा हनीट्रैप की प्रमुख आरोपित श्वेता जैन के साथ अश्लील बातचीत करते हुए सुने जा सकते हैं.

इससे पहले भी कुछ शीर्ष नौकरशाहों के अश्लील वीडियो वायरल हो चुके हैं. प्रदेश के इस कुख्यात हनीट्रैप मामले में कांग्रेस और भाजपा के कई नेताओं के अलावा वरिष्ठ आईएएस और आईपीएस अधिकारी फंसे हुए हैं. मिश्रा का कथित ऑडियो सार्वजनिक होने के बाद से ही अधिकारी वर्ग को सांप सूंघ गया है. इस खुलासे के तत्काल बाद अदालत में यह याचिका लगवाई गई कि हनीट्रैप के ऑडियो और वीडियो मीडिया में लीक होने पर तत्काल रोक लगायी जाये.


गौरतलब है कि उच्च न्यायालय में हनीट्रैप की एक सीडी पेश होने और यह बताए जाने पर कि सीडी संझा लोकस्वामी से मिली है, इंदौर पुलिस अचानक सक्रिय हुई और रातोरात जीतू सोनी के होटल पर छापे मारे गये.मध्य प्रदेश पत्रकार संगठन के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष सुचेंद्र मिश्रा कहते हैं, ‘जीतू सोनी कोई दूध के धुले नहीं हैं. लेकिन फिलहाल प्रदेश सरकार जो कार्रवाई कर रही है वह विशुद्ध रूप से हनीट्रैप के खुलासों के बाद दबाव बनाने के लिए की जा रही है. प्रदेश के तमाम प्रमुख अखबारों का रवैया निराशाजनक है. अपनी बिरादरी के खिलाफ हुए इस हमले का विरोध करने के बजाय वे सरकारी वर्जन छाप रहे हैं.’ मिश्रा ने कहा कि प्रदेश के पत्रकार संगठनों ने भी औपचारिक बयान देने के बाद चुप्पी छाप ली है.

प्रदेश के वरिष्ठ पत्रकार राकेश दीक्षित कहते हैं कि यह सही है कि जीतू सोनी कोई मूल्यों के ध्वजवाहक नहीं हैं लेकिन फिलहाल इंदौर पुलिस जो कर रही है वह भी सही नहीं है. असल मामला अभिव्यक्ति की आजादी का है जिस पर कोई समझौता नहीं हो सकता. दीक्षित ने कहा कि कमल नाथ सरकार को जहां हनीट्रैप के आरोपियों को दंडित करना चाहिये वहीं ऐसा लग रहा है कि उन्हें पुरस्कृत किया जा रहा है.

Share On Facebook

Comments

Subscribe

Receive updates and latest news direct from our team. Simply enter your email below :